‘नेता जी’ मुलायम सिंह यादव ने रक्षा मंत्री रहते हुए किए ऐसे कार्य जो आज तक नहीं कर पाया कोई!

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IMAGE CREDIT-SOCIAL MEDIAनेता जी की पदवी से सुशोभित मुलायम सिंह यादव का रक्षा मंत्री रहते हुए कार्यकाल 1 जून 1996 से 19 मार्च 1998 तक रहा वह देश के 29 वे रक्षा मंत्री थे उनके कार्यकाल की कुछ विशेष उपलब्धियां जिनको सुर्खियां नहीं मिली या यूं कहें कि उन्होंने उनको प्रचारित नहीं किया देश की रक्षा के लिए शहीद होने वाले सैनिकों की अंत्येष्टि बैरकों में कर दी जाती थी सिर्फ टोपी भेजना उनकी शहादत व सेवाओं का मजाक है यह कहकर आदरणीय मुलायम सिंह जी यादव ने शहीद के पार्थिव शरीर को उनके परिवार तक पहुंचाने की व्यवस्था करवाई.
ब्रिटिश हुकूमत के समय का यह रिवाज नहीं चलेगा कहकर खारिज किया सैनिको का सेवाकाल 15 वर्ष से बढ़ाकर 20 वर्ष करा ऊंचे पर्वतों पर तैनात सैन्य कर्मियों का भत्ता ₹150 से बढ़ाकर ₹7000 किया सैन्यकर्मियों को मरणोपरांत ₹65000 दिए जाते थे इस को उन्होंने 700000 रुपए किया.
image credit-social mediaरक्षा मंत्री रहते हुए एकमात्र मंत्री हैं देश के जिन्होंने सियाचिन में रात बिताई पाकिस्तान से भी बड़ा दुश्मन भारत के लिए चीन है यह सबसे पहले आदरणीय मुलायम सिंह यादव जी ने कहा था सैन्यकर्मियों से मिलने वह उनका उत्साहवर्धन करने स्वयं सैनिक कैंप तक जाते थे सेना में हिंदी भाषा को प्राथमिकता दी और सभी नोट्स हिंदी में ही मांगे देश के लिए अपने प्राण निछावर करने वाले सैनिक परिवार के पास जाकर उन्हें शक्ति और बल प्रदान किया.
समय-समय पर महत्व पूर्ण बात जिसको मैंने नहीं लिखा ,आदरणीय गुरु जी उदय प्रताप सिंह जी यादव द्वारा स्मरण कराइ गई मुलायम सिंह जी ने रक्षा मंत्री रहते हुए पूर्व राष्ट्रपति APJ Abdul kalam साहब को हिंदी सीखने की प्रेरणा दी. जिसे स्वयं कलाम साहब ने सार्वजनिक रूप से स्वीकारा किया , इस प्रयास के लिए नेता जी धन्यवाद भी दिया.
Image credit- social mediaकलाम साहब को नेता जी जब रक्षामंत्री थे तब उन्होंने एक और अच्छा काम किया था NCC के “C” सर्टिफिकेट होल्डर कैडेट्स को ऑफिसर्स से लेके सिपाही की भर्ती तक वरीयता दिलवाई थी. उससे दो फायदे हुए थे हज़ारो नौजवान सम्मान की नौकरी पा गए। दुसरे NCC की तरफ छात्र आकर्षित हुए.
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